कानपुर, अमन यात्रा। पॉलीटेक्निक छात्रों के लिए नौकरी, रोजगार के साथ ही बेहतर भविष्य को लेकर तैयारियां शुरू हो गई हैं। उन्हें पढ़ाई के दौरान ही कंपनियाें और औद्योगिक इकाईयों में काम मिल जाए, उसके लिए कोर्स की रूपरेखा में परिवर्तन किया जा रहा है। यह बदलाव कंपनियों की मांग के अनुरूप होगा, जिसकी शुरुआत शोध विकास एवं प्रशिक्षण संस्थान (आइआरडीटी) ने कर दी है। इसके लिए छह कोर्स को अपग्रेड किया जा रहा है। यह नए सत्र 2021-22 से लागू हो जाएगा। उच्चीकरण की प्रक्रिया का समावेश रहेगा, इसमें गाइडेंस औद्योगिक इकाईयों के विशेषज्ञों का होगा।

आइआरडीटी के सहायक प्राचार्य गौरव किशोर कनौजिया के मुताबिक इंडस्ट्रीज में तेजी से तकनीक बदल रही है। कंपनियां उत्पादन क्षमता के विकास के लिए हाईटेक मशीनों का सहारा ले रही हैं। ऐसे में छात्रों की जानकारी और उनकी विशेषज्ञता को बढ़ाने की आवश्यकता है। इसके लिए संस्थान कोर्स की नए सिरे से डिजाइन कर रहा है।

इन कोर्स का होगा उच्चीकरण

  • डिप्लोमा इन मार्डन ऑफिस मैनेजमेंट एंड सेक्रेटेरियल प्रैक्टिस
  • पीजी डिप्लोमा इन टूरिज्म एंड ट्रैवल मैनेजमेंट
  • पीजी डिप्लोमा इन इंडस्ट्रियल सेफ्टी
  • पीजी डिप्लोमा इन एडवइटाइजमेंट एंड पब्लिक रिलेशन
  • पीजी डिप्लोमा इन मार्केटिंग एंड सेल्स मैनेजमेंट
  • पीजी डिप्लोमा इन कस्टमर सर्विस मैनेजमेंट

रोबोटिक्स, आइओटी पर काम

आइआरडीटी  की ओर से रोबोटिक्स, मशीन लर्निंग, इंटरनेट ऑफ थिंग्स (आइओटी) पर काम किया जा रहा है। इनकाे कोर्स में लाने के लिए नए सिरे से डिजाइन की जा रही है। इंजीनियरिंग के कुछ कोर्स में कुछ कंटेंट दिए जाएंगे।