कानपुर

भीतरगांव में खाद की किल्लत से किसान परेशान, सहकारी समिति में मची भगदड़

विकासखंड स्तरीय सहकारी समिति में खाद की किल्लत ने किसानों की मुश्किलें बढ़ा दी हैं। गुरुवार को खाद लेने पहुंचे किसानों की भीड़ ने समिति परिसर को घेर लिया। खाद न मिलने से किसानों में आक्रोश व्याप्त है।

कानपुर : विकासखंड स्तरीय सहकारी समिति में खाद की किल्लत ने किसानों की मुश्किलें बढ़ा दी हैं। गुरुवार को खाद लेने पहुंचे किसानों की भीड़ ने समिति परिसर को घेर लिया। खाद न मिलने से किसानों में आक्रोश व्याप्त है।

क्या है मामला

सुबह से ही समिति में खाद लेने के लिए किसानों की लंबी कतारें लग गईं। आधार कार्ड न जमा होने के कारण खाद वितरण में देरी हुई, जिससे किसानों में रोष फैल गया। किसानों का कहना है कि उन्हें खाद के लिए घंटों इंतजार करना पड़ रहा है और फिर भी खाद नहीं मिल पा रही है।

एडीओ कोऑपरेटिव का कहना

एडीओ कोऑपरेटिव अश्वनी सचान ने बताया कि जिले से आए एक ट्रक में केवल 360 बोरी खाद थी, जिसे लगभग 175 किसानों में बांटा गया। उन्होंने कहा कि खाद की मांग बहुत ज्यादा है, लेकिन आपूर्ति कम होने के कारण समस्या उत्पन्न हो रही है।

किसानों की समस्या

किसानों का कहना है कि खाद लेने वाले किसानों की संख्या हजारों में है, जबकि खाद की मात्रा बहुत कम है। इससे किसानों को काफी परेशानी हो रही है। कई किसानों को खाद नहीं मिल पा रही है और उन्हें खेतों में फसल लगाने में दिक्कत हो रही है।

प्रशासन का रवैया

प्रशासन का कहना है कि वे इस समस्या का समाधान करने के लिए प्रयास कर रहे हैं। जिला से अधिक मात्रा में खाद मंगवाई जा रही है ताकि किसानों को खाद उपलब्ध कराई जा सके।

क्या करें किसान

  • किसानों को चाहिए कि वे सहकारी समिति के साथ संपर्क में रहें और खाद की उपलब्धता के बारे में जानकारी लेते रहें।
  • किसानों को चाहिए कि वे खाद लेते समय अपने साथ सभी आवश्यक दस्तावेज लेकर जाएं।
  • किसानों को चाहिए कि वे खाद की बर्बादी न करें और उचित मात्रा में ही खाद का उपयोग करें।

यह समस्या सिर्फ भीतरगांव की नहीं बल्कि कई अन्य क्षेत्रों की भी है। खाद की किल्लत से किसानों का जीवन अस्त-व्यस्त हो रहा है। सरकार को इस समस्या का शीघ्र समाधान ढूंढना चाहिए।

AMAN YATRA
Author: AMAN YATRA

SABSE PAHLE


Discover more from अमन यात्रा

Subscribe to get the latest posts sent to your email.

Related Articles

AD
Back to top button

Discover more from अमन यात्रा

Subscribe now to keep reading and get access to the full archive.

Continue reading