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रेलवे के अंडरपास बने ग्रामीणों के लिए मुसीबत

भारी बरसात की बात छोड़ो हल्की बारिश में भी रेलवे के द्वारा बनाए गए अंडरपास ग्रामीणों को गंदे पानी से खेलने को मजबूर कर रहे हैं। कामकाज व खरीदारी करने हेतु उस पार से इस पार आने में लोगों को रेलवे अंडरपास में पानी के भराव से मजबूरन गुजरना पड़ता है इसके अलावा और कोई रास्ता नहीं है।

औंग फतेहपुर। भारी बरसात की बात छोड़ो हल्की बारिश में भी रेलवे के द्वारा बनाए गए अंडरपास ग्रामीणों को गंदे पानी से खेलने को मजबूर कर रहे हैं। कामकाज व खरीदारी करने हेतु उस पार से इस पार आने में लोगों को रेलवे अंडरपास में पानी के भराव से मजबूरन गुजरना पड़ता है इसके अलावा और कोई रास्ता नहीं है। सबसे ज्यादा मुसीबत बच्चों बूढ़ों और महिलाओं को है । दोनों तरफ के गांव के लोगों का दिन में दो चार बार आना जाना बना रहता है।
 ज्ञात हो कि इससे पहले यहां पर रेलवे फाटक था और जिसमें फाटक बन्द होने पर लोगों को कुछ इंतजार तो करना पड़ता था लेकिन ये पानी की झील में तैरना नहीं पड़ता था। जब से ये अंडरपास बनाए गए तब से गोधरौली , औंग , खदरा, बनियनखेडा , कुरमिनखेड़ा , लोधनपुरवा , गंगचौली, करचलपुर, टिकरा आदि दर्जनों गांव के लोगों को इस गंदे पानी की झील से खेलना पड़ता है।
औंग अंडरपास टू लेन रोड से जुड़ा है
रेलवे स्टेशन औंग में जो अंडरपास बनाया गया है वो रोड सीधा घाटमपुर हमीरपुर के लिए जाता है इस रोड में चौबीस घंटे छोटे बड़े वाहनों का आवागमन बना रहता है। बड़े बड़े डंफर और ट्राला इस रोड से गुजरते हैं। कानपुर और फतेहपुर के बीच दो लेन से जुड़ी प्रत्येक क्रॉसिंग में ओवर ब्रिज रेलवे ने बनाए हैं लेकिन औंग में अंडरपास बनाकर ग्रामीणों के साथ साथ बड़े वाहनों के लिए भी दिक्कतें खड़ी कर दी हैं ।
गोधरौली अंडरपास से जुड़ा है धार्मिक आस्था का केंद्र
गोधरौली अंडरपास से आधा दर्जन से गांव जुड़े है इसके साथ हिन्दू धर्म की आस्था का महान केन्द्र गोधन देव मन्दिर भी जुड़ा है जिसके सृजन के लिए प्रदेश सरकार ने दो करोड़ रुपए स्वीकृत किए हैं। इस आस्था केन्द्र में रोजाना सैकड़ों श्रद्धालु इस अंडरपास में भरे गंदे पानी से होकर आते हैं फिर गोधनदेव मन्दिर में माथा टेकते हैं ।
 शेखर मिश्रा – रेलवे विभाग का पैसा व्यर्थ चला गया इस अंडरपास से समस्या घटने के बजाय और बढ़ गई है । बड़ी गाडियां निकल नहीं पति हैं बच्चे बूढ़ों का निकलना खतरे से खाली नहीं होता है  *शेखर मिश्रा ( उन्नतिशील किसान ग्राम टिकरा फतेहपुर )
आलोक उर्फ पुल्लू पाण्डेय – बनाए गए अंडरपास किसी काम के नहीं हैं न चाहते हुए भी लोगों को पानी से होकर गुजरना पड़ता है इसमें भारत सरकार का पैसा भी खर्च हुआ और लोगों की परेशानी भी बढ़ गई। यहां पर ओवरब्रिज का निर्माण होना चाहिए – *आलोक उर्फ पुल्लू पाण्डेय ( सब्जी व्यापार मण्डल औंग फतेहपुर )*
AMAN YATRA
Author: AMAN YATRA

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