विशेष निरीक्षण अभियान माह जुलाई से दिसंबर 2022 में शिक्षकों के विरुद्ध हुई कार्यवाही का नियमानुसार निस्तारण प्राथमिकता के आधार पर किए जाने का निर्देश जारी
परिषदीय स्कूलों के सघन जांच अभियान में दोषी पाए गए शिक्षकों के खिलाफ कार्यवाही का निस्तारण अधिकारी नहीं कर रहे हैं। महानिदेशक विजय किरन आनंद ने कई जिलों के बेसिक शिक्षा अधिकारियों की कार्यप्रणाली पर नाराजगी व्यक्त करते हुए कहा है कि बीएसए सुनिश्चित करें कि इसकी आड़ में कहीं शिक्षकों का शोषण तो नहीं हो रहा है।

- ऐक्शन के नाम पर शिक्षकों से वसूली का तो नहीं चल रहा रिएक्शन
- महानिदेशक ने बीएसए से किया जवाब-तलब
लखनऊ / कानपुर देहात। परिषदीय स्कूलों के सघन जांच अभियान में दोषी पाए गए शिक्षकों के खिलाफ कार्यवाही का निस्तारण अधिकारी नहीं कर रहे हैं। महानिदेशक विजय किरन आनंद ने कई जिलों के बेसिक शिक्षा अधिकारियों की कार्यप्रणाली पर नाराजगी व्यक्त करते हुए कहा है कि बीएसए सुनिश्चित करें कि इसकी आड़ में कहीं शिक्षकों का शोषण तो नहीं हो रहा है।
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शनिवार को उन्होंने विभिन्न जिलों के बीएसए को निर्देश दिए हैं कि इससे साफ है कि 18 जुलाई से 20 अक्तूबर के बीच विशेष निरीक्षण अभियान में शिक्षकों के खिलाफ की गई कार्यवाही के निस्तारण करने के आदेश दिए गए थे। इस दौरान जिन शिक्षकों के खिलाफ कार्यवाही की गई है वह उनके शोषण का आधार न बने इसलिए निस्तारण तत्काल किया जाना था लेकिन आदेशों के बावजूद अधिकारी शिक्षकों के खिलाफ की गई कार्यवाही के निस्तारण में दिलचस्पी नहीं ले रहे हैं। काफी संख्या में अब भी मामले अनिस्तारित हैं। उन्होंने कहा है कि एक हफ्ते के भीतर इसका निस्तारण कर महानिदेशक कार्यालय में रिपोर्ट भेजें अन्यथा की स्थिति में संबंधित के खिलाफ कार्यवाही की जाएगी।
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