करवाचौथ के चलते आज महिला शिक्षिकाओं का रहेगा अवकाश
करवाचौथ को भारतीय संस्कृति में सुहाग और त्याग का सबसे पवित्र पर्व माना जाता है। यह त्योहार प्रेम और समर्पण की भावनात्मक डोर को मजबूत करता है वहीं देश के शैक्षणिक कैलेंडर के सामने हर साल एक बड़ा सवाल भी खड़ा कर देता है

कानपुर देहात। करवाचौथ को भारतीय संस्कृति में सुहाग और त्याग का सबसे पवित्र पर्व माना जाता है। यह त्योहार प्रेम और समर्पण की भावनात्मक डोर को मजबूत करता है वहीं देश के शैक्षणिक कैलेंडर के सामने हर साल एक बड़ा सवाल भी खड़ा कर देता है। क्या इस सांस्कृतिक और भावनात्मक दिन पर शिक्षा का पहिया थमेगा या चलता रहेगा? हर साल अक्टूबर या नवंबर में जब आसमान में चांद का इंतजार होता है ठीक उसी समय विवाहित शिक्षिकाओं के मन में छुट्टी और ड्यूटी को लेकर बड़ा असमंजस रहता है। इस साल करवाचौथ का व्रत 10 अक्टूबर (शुक्रवार) को रखा जाएगा। करवा चौथ के अवसर पर अनिवार्य अवकाश घोषित नहीं है। यह क्षेत्रीय और व्यक्तिगत आस्था का पर्व है। करवाचौथ पर छुट्टी का असमंजस केवल स्कूल प्रशासन तक सीमित नहीं है बल्कि यह लाखों शिक्षिकाओं की पर्सनल और प्रोफेशनल जिम्मेदारियों के बीच का द्वंद्व भी है। एक तरफ निर्जल व्रत की परंपरा और परिवार की अपेक्षाएं हैं तो दूसरी तरफ क्लास में स्टूडेंट्स को पढ़ाने का अटूट कमिटमेंट भी है।
करवा चौथ पर स्कूल खुले रहेंगे या बंद-
करवाचौथ के दिन स्कूलों के खुलने या बंद रहने का निर्णय राज्य सरकार के कैलेंडर और शिक्षा विभाग द्वारा जारी की गई अवकाश तालिका पर निर्भर करता है।
स्कूलों की सामान्य स्थिति –
भारत के ज्यादातर प्रमुख राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में करवाचौथ पर शैक्षणिक संस्थान खुले रहते हैं। यह पर्व आमतौर पर ऐच्छिक अवकाश की सूची में होता है, न कि सार्वजनिक अवकाश की सूची में।
शिक्षिकाओं के लिए विशेष आदेश और दिशानिर्देश-
करवाचौथ पर शिक्षिकाओं के लिए सामूहिक अवकाश का आदेश जारी नहीं किया जाता है।
विवाहित शिक्षिकाओं के लिए छूट-
विवाहित महिला शिक्षिकाएं जो व्रत रखती हैं यह अवकाश सिर्फ उन्हें ही प्रदान किया जाता है, अविवाहित शिक्षिकाओं को विद्यालय खोलने होता है।
पुरुष और अन्य स्टाफ के लिए अवकाश-
पुरुष शिक्षकों और अन्य गैर-व्रती महिला स्टाफ के लिए स्कूल जाना अनिवार्य रहता है जब तक कि राज्य सरकार या स्थानीय प्रशासन द्वारा कोई विशेष आदेश न दिया जाए।
करवाचौथ पर प्राइवेट स्कूल खुलेंगे या बंद रहेंगे-
निजी स्कूल भी छुट्टी का निर्णय अपने विवेक से लेते हैं। कई बड़े निजी स्कूल करवाचौथ पर खुले रखते हैं हालांकि उत्तर भारत में कुछ स्कूल अपने स्टाफ और स्टूडेंट्स की सुविधा के लिए इस दिन छुट्टी घोषित कर देते हैं या आधे दिन की छुट्टी देते हैं। इससे शिक्षिकाओं को शाम को व्रत तोड़ने की तैयारी के लिए समय मिल जाता है।



