नाबालिक किशोरी को बहला फुसलाकर ले जाने के मामले में दोषियों को तीन साल की सजा,लगा जुर्माना
कानपुर देहात में नाबालिक छात्रा को अगवा करने के 11 साल पुराने मामले में कोर्ट ने दो दोषियों को सजा सुनाई है।अपर जिला जज/एफटीसी प्रथम सुरेंद्र सिंह की अदालत ने धर्मेंद्र और राजकमल को तीन साल की कैद की सजा सुनाई है।मामला 14 फरवरी 2012 का है।कानपुर के घाटमपुर कोतवाली क्षेत्र की 17 वर्षीय छात्रा मूसानगर में कोचिंग पढ़ने गई गई थी

- मुख्य आरोपी के कोर्ट में हाजिर न होने पर जारी किया गया वारंट
कानपुर देहात में नाबालिक छात्रा को अगवा करने के 11 साल पुराने मामले में कोर्ट ने दो दोषियों को सजा सुनाई है।अपर जिला जज/एफटीसी प्रथम सुरेंद्र सिंह की अदालत ने धर्मेंद्र और राजकमल को तीन साल की कैद की सजा सुनाई है।
मामला 14 फरवरी 2012 का है।कानपुर के घाटमपुर कोतवाली क्षेत्र की 17 वर्षीय छात्रा मूसानगर में कोचिंग पढ़ने गई गई थी।शाम तक न लौटने पर पिता ने तलाश की।पता चला कि मूसानगर क्षेत्र के विवियापुर निवासी संदीप उर्फ अमित,धर्मेंद्र,रामअवतार, राजकमल और राजू उसे बहला फुसलाकर कहीं भगा ले गए हैं।पुलिस ने जांच के बाद सभी आरोपियों के विरुद्ध आरोपपत्र दाखिल किया।सुनवाई के दौरान आरोपी राजू की पत्रावली अलग कर दी गई।
एक अन्य आरोपी राम अवतार की मौत हो गई।शेष बचे तीन आरोपियों के विरुद्ध मुकदमा चल रहा था। कोर्ट ने दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के बाद धर्मेंद्र और राजकमल को दोषी करार देते हुए तीन तीन हजार रुपए का जुर्माना भी लगाया है। जुर्माना न भरने पर तीन माह का अतिरिक्त कारावास भी भुगतना होगा।मामले का मुख्य आरोपी संदीप उर्फ अमित कोर्ट में हाजिर नहीं हुआ।जिस पर कोर्ट ने उसके खिलाफ गिरफ्तारी वारंट जारी कर दिया है।



