इलाहाबाद-झाँसी खंड स्नातक निर्वाचन: 06 नवंबर तक जमा करें आवेदन, नामावली का कार्यक्रम जारी
स्नातक निर्वाचन क्षेत्र की मतदाता सूची तैयार करने का कार्यक्रम घोषित; 30 दिसंबर को होगा अंतिम प्रकाशन
- उत्तर प्रदेश विधान परिषद के इलाहाबाद-झाँसी खण्ड स्नातक निर्वाचन क्षेत्र की निर्वाचक नामावलियाँ तैयार करने का कार्यक्रम जारी।
- उप जिला निर्वाचन अधिकारी संजय कुमार ने कार्यक्रम की जानकारी दी।
- अर्हता तिथि 01 नवंबर 2025 के आधार पर आवेदन जमा करने की अंतिम तिथि 06 नवंबर 2025 है।
- पात्र व्यक्ति फॉर्म-18 ऑनलाइन या संबंधित कार्यालयों में ऑफलाइन जमा कर सकते हैं।
- नामावलियों का अंतिम प्रकाशन 30 दिसंबर 2025 को होगा।
उरई,जालौन। उप जिला निर्वाचन अधिकारी संजय कुमार ने बताया कि उत्तर प्रदेश विधान परिषद के लिये इलाहाबाद-झाँसी खण्ड स्नातक निर्वाचन क्षेत्र की निर्वाचक नामावलियों को तैयार करने हेतु भारत निर्वाचन आयोग के पत्र दिनांक 12 सितम्बर 2025 तथा मुख्य निर्वाचन अधिकारी, उत्तर प्रदेश लखनऊ के पत्र दिनांक 12 सितम्बर 2025 एवं पत्र दिनांक 22 सितम्बर 2025 के द्वारा अर्हता तिथि 01 नवम्बर 2025 के आधार पर निम्नांकित कार्यक्रम के अनुसार नामावली तैयार कराये जाने के निर्देश दिये गये हैं।
उन्होंने बताया कि दिनांक 30.09.2025 (मंगलवार) को निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण नियम 1960 के नियम 31(3) के अन्तर्गत सार्वजनिक नोटिस जारी किया जाना, दिनांक 15.10.2025 (बुधवार) को निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण नियम 1960 के नियम 31(4) के अन्तर्गत समाचार पत्रों में नोटिस का प्रथम पुर्नप्रकाशन, दिनांक 25.10.2025(शनिवार) को निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण नियम 1960 के नियम 31(4) के अन्तर्गत समाचार पत्रों में नोटिस का द्वितीय पुर्नप्रकाशन, दिनांक 06.11.2025 (गुरुवार) को फार्म 18 या 19 में आवेदन प्राप्त करने की अंतिम तिथि जैसी स्थिति हो, दिनांक 20.11.2025(गुरुवार) को वह तिथि जिस तक पांडुलिपियों की तैयारी और आलेख्य निर्वाचक नामावलियों का मुद्रण किया जाना, दिनांक 25.11.2025(मंगलवार) को निर्वाचक नामावलियों का आलेख्य प्रकाशन, दिनांक 25.11.2025(मंगलवार) से 10.12.2025(बुधवार) को दावें और आपत्तियां दाखिल करने की अवधि (निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण नियम 1960 के नियम 12 के अन्तर्गत, दिनांक 25.12.2025(गुरुवार) को वह तिथि जिस तक दावे और आत्तियों का निस्तारण किया जाएगा और अनुपूरक सूची तैयार और मुद्रित की जायेगी, दिनांक 30.12.2025 (मंगलवार) को निर्वाचक नामावलियों का अंतिम प्रकाशन किया जाएगा।
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उन्होने बताया कि निर्वाचक नामावली में रजिस्ट्रीकृत किये जाने के हकदार प्रत्येक व्यक्ति से यह अपेक्षा की जाती है कि अपना नाम सम्मिलित किये जाने के लिये निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण नियम 1960 के अन्तर्गत फॉर्म -18 में अपना आवेदन पत्र 06 नवम्बर 2025 (गुरुवार) तक निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारी के कार्यालय (आयुक्त कार्यालय, झाँसी) एवं संबंधित जिला निर्वाचन कार्यालयों/ सहायक निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारी/अतिरिक्त सहायक निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारी (विधान सभा निर्वाचन क्षेत्र) / पदाभिहित केन्द्रों में भेज दें या परिदत्त कर दें। अर्हक तारीख के संदर्भ में निर्वाचक नामावलियां निर्धारित तरीके से नयी बनायी जायेंगी।
आवेदन पत्र फॉर्म 18 संबंधित जिला निर्वाचन कार्यालयों एवं निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारी / सहायक निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारी / पदाभिहित अधिकारियों के कार्यालयों से प्राप्त किये जा सकते हैं। पाण्डुलिपि, टंकित, साईक्लोस्टाइल किये गये अथवा व्यक्तिगत रूप से मुद्रित/डाउनलोड किये गये फॉर्म भी स्वीकार किये जायेंगे। पात्र व्यक्तियों को सहायक दस्तावेज, जो मुख्य निर्वाचन अधिकारी, उ०प्र० की वेबसाइट http://ceouttarpradesh.nic.nin पर फार्म-18 ऑनलाईन भर सकते हैं। निर्धारित फॉर्म (फॉर्म 18 स्नातकों के लिये) में अपने नामों के नामांकन के लिये आवेदन करना चाहिये। आवेदन पत्र सहायक निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारी / पदाभिहित अधिकारी, जिनकी विशिष्टियां प्रथम अनुसूची में दर्शायी गयी हैं, को भेजे जा सकते हैं।
ऐसा प्रत्येक व्यक्ति जो भारत का नागरिक है, उस निर्वाचन क्षेत्र का सामान्य रूप से निवासी है तथा 01 नवम्बर 2025 से कम से कम तीन वर्ष पहले या तो भारत के राज्य क्षेत्र में किसी विश्वविद्यालय का स्नातक है अथवा समतुल्य अर्हता रखता है तो वह निर्वाचक नामावली में शामिल होने का पात्र है। तीन वर्ष की अवधि का परिकलन उस तारीख से किया जायेगा जब से विश्वविद्यालय या अन्य संबंधित प्राधिकरण द्वारा अर्हक डिग्री परीक्षा का परिणाम घोषित और प्रकाशित किया गया हो। निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारी / सहायक निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारी द्वारा थोक में प्राप्त आवेदनों, चाहे डाक द्वारा भेजा गया हो अथवा स्वयं जमा किया गया हो, पर नाम सम्मिलित करने के लिये विचार नहीं किया जायेगा। फिर भी, संस्थानों के प्रमुख अपने अधीन कार्य करने वाले सभी कर्मचारियों के आवेदन पत्रों को अग्रसारित कर सकते हैं। परिवार का एक सदस्य उस परिवार के अन्य सदस्यों के फॉर्म 18 को जमा कर सकते हैं तथा प्रत्येक सदस्य के संदर्भ में मूल प्रमाण-पत्रों को प्रस्तुत करके प्रमाण-पत्र सत्यापित करा सकते हैं।
यह भी ध्यान में रखा जाये कि यदि कोई व्यक्ति अपने आवेदन में ऐसी कोई सूचना या घोषणा प्रस्तुत करता है जो गलत हो तथा जिसे वह या तो गलत समझता है, या गलत मानता हो अथवा जिसे वह सही नहीं समझता हो उस स्थिति में लोक प्रतिनिधित्व अधिनियम, 1950 की धारा 31 के अधीन दण्डनीय होगा।
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