शिक्षामित्रों पर बड़ा प्रशासनिक एक्शन: बीएसए ने 3 दिनों में तलब किया नियुक्ति और सेवानिवृत्ति का पूरा रिकॉर्ड, कड़े साक्ष्यों के साथ मांगी रिपोर्ट
कानपुर देहात के सभी बीईओ को हार्ड व सॉफ्ट कॉपी में ब्योरा देने के निर्देश, तय प्रारूप पर जुटाए जा रहे दस्तावेज
कानपुर देहात। बेसिक शिक्षा विभाग में कार्यरत शिक्षामित्रों के सेवा अभिलेखों और नियुक्ति संबंधी विवरणों को लेकर shiksha mitra kanpur dehat में बड़ा प्रशासनिक कदम उठाया गया है। जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी आशीष कुमार पाण्डेय ने एक बेहद कड़ा और महत्वपूर्ण आदेश जारी करते हुए जनपद के समस्त खंड शिक्षा अधिकारियों को शिक्षामित्रों का पूरा विवरण निर्धारित प्रारूप पर तलब करने के निर्देश दिए हैं। आदेश की गंभीरता को देखते हुए अधिकारियों को मात्र तीन कार्य दिवसों के भीतर पूरी आख्या साक्ष्यों सहित जमा करने की समय सीमा तय की गई है।
तीन दिनों में हार्ड व सॉफ्ट कॉपी में मांगी गई रिपोर्ट
बीएसए द्वारा जारी आधिकारिक पत्र में कहा गया है कि समग्र शिक्षा अभियान के तहत परिषदीय प्राथमिक व उच्च प्राथमिक विद्यालयों में कार्यरत सभी शिक्षामित्रों की प्रामाणिक और विस्तृत जानकारी संकलित की जानी है। इसके लिए सभी खंड शिक्षा अधिकारियों को निर्देशित किया गया है कि वे पत्र प्राप्ति के तीन कार्य दिवसों के भीतर निर्धारित प्रारूप में सूची तैयार कर जिला कार्यालय को अनिवार्य रूप से उपलब्ध कराएं। यह डेटा कार्यालय को हार्ड कॉपी के साथ-साथ सॉफ्ट कॉपी (एक्सेल शीट) में भी प्रेषित करना होगा।
इन महत्वपूर्ण बिंदुओं पर देना होगा पूरा विवरण
विभागीय आदेश के तहत निर्धारित प्रारूप में प्रत्येक शिक्षामित्र का नाम, वर्तमान में पदस्थापित विद्यालय का नाम, संबंधित विकासखंड, जन्मतिथि, पद पर पहली बार कार्यभार ग्रहण करने की वास्तविक तिथि और नियमानुसार उनकी सेवानिवृत्ति की तिथि का स्पष्ट उल्लेख करना होगा। इसके अलावा आदेश में सख्त हिदायत दी गई है कि तैयार की गई सूची के साथ शिक्षामित्रों की प्रथम नियुक्ति और कार्यभार ग्रहण करने से जुड़े सभी मूल दस्तावेजों की स्वप्रमाणित अथवा प्रमाणित छायाप्रतियां संलग्न करना अनिवार्य होगा, जिससे किसी भी स्तर पर फर्जीवाड़े या त्रुटि की संभावना न रहे।
ब्लॉकों में दस्तावेजों की पड़ताल तेज, मचा हड़कंप
बीएसए के इस कड़े रुख के बाद जिले के सभी विकासखंडों में खंड शिक्षा अधिकारियों और पटल सहायकों द्वारा विद्यालयों से शिक्षामित्रों के मूल सेवा अभिलेख, प्रस्ताव और कार्यभार ग्रहण आख्या जुटाने की कवायद युद्ध स्तर पर शुरू हो गई है। तय समय सीमा कम होने और कड़े साक्ष्य मांगे जाने से विभागीय गलियारों में हलचल मची हुई है। shiksha mitra kanpur dehat से जुड़े इस वृहद सत्यापन अभियान से उन लोगों में खलबली है जिनके सेवा अभिलेखों में किसी प्रकार की विसंगति या खामी है।



