जालौन: हर घर जल नल योजना ग्रामीण क्षेत्रों में औंधे मुंह गिरी, जिम्मेदार मौन
कई गांवों में अब तक नहीं शुरू हुई पेयजल आपूर्ति, सड़कों की दुर्दशा से ग्रामीण परेशान

- उत्तर प्रदेश सरकार की महत्वाकांक्षी “हर घर जल, हर घर नल” योजना महेवा विकासखंड के कई गांवों में अव्यवस्था की शिकार।
- पाइपलाइन डालने के बाद भी जलापूर्ति शुरू नहीं हुई और खोदी गई सड़कों की मरम्मत नहीं हुई।
- ग्राम पंचायत कीरतपुर-मदारपुर सहित कई गांवों में जलभराव और फिसलन से ग्रामीण, बुजुर्ग व बच्चे घायल हो रहे हैं।
- ग्रामीण विभागीय अधिकारियों की लापरवाही से आक्रोशित हैं और जिलाधिकारी जालौन से शिकायत करने की तैयारी में हैं।
कालपी (जालौन)। उत्तर प्रदेश सरकार की महत्वाकांक्षी “हर घर जल, हर घर नल” योजना का उद्देश्य ग्रामीण क्षेत्रों में शुद्ध पेयजल की आपूर्ति सुनिश्चित करना था, लेकिन हकीकत में यह योजना महेवा विकासखंड के कई गांवों में अव्यवस्था और लापरवाही की भेंट चढ़ती नजर आ रही है।
योजना के तहत गांव-गांव में पाइपलाइन डालने का काम तो शुरू कर दिया गया, परंतु न तो अब तक जलापूर्ति चालू हुई और न ही खोदी गई सड़कों की मरम्मत की गई। इससे ग्रामीणों में भारी रोष व्याप्त है। कई गांवों में सीसी और इंटरलॉक सड़कों को खोदने के बाद मरम्मत कार्य न होने से जगह-जगह जलभराव की स्थिति बन गई है, जिससे लोगों का चलना-फिरना दूभर हो गया है।
गांवों में रोजमर्रा की जिंदगी बुरी तरह प्रभावित हो रही है। विशेषकर बुजुर्ग और बच्चे गड्ढों व फिसलन भरी सड़कों पर गिरकर घायल हो रहे हैं।
ग्रामीण बोले – पाइपलाइन अधूरी, सड़कें टूटी पड़ी हैं
महेवा क्षेत्र के ग्रामीण रामदीन, रामअवतार, रामसनेही, अनिल, छोटे, महेंद्र, चंगूराम आदि का कहना है कि “नमामि गंगे विभाग” की ओर से जो पाइपलाइन डाली गई है, वह कई जगहों पर अधूरी है।
उन्होंने बताया कि विभाग ने सड़कों को खोदने के बाद उन्हें जस का तस छोड़ दिया है। बरसात के समय पानी भरने से गांव की गलियां दलदल में तब्दील हो जाती हैं। इसके चलते लोगों को भारी असुविधा झेलनी पड़ रही है।
ग्रामीणों ने कहा कि कई बार विभागीय अधिकारियों से संपर्क साधने की कोशिश की गई, लेकिन न तो किसी ने फोन उठाया और न ही मौके पर कोई जिम्मेदार अधिकारी निरीक्षण करने पहुंचा।
ग्राम पंचायत कीरतपुर-मदारपुर में अधूरा पड़ा पाइपलाइन कार्य
ग्राम पंचायत कीरतपुर-मदारपुर की स्थिति भी अन्य गांवों से भिन्न नहीं है।
ग्राम प्रधान पवनदीप निषाद ने बताया कि “नमामि गंगे विभाग” द्वारा गांव में पाइपलाइन बिछाने का कार्य अधूरा छोड़ दिया गया है। पाइप डालने के दौरान जो सीसी सड़कें खोदी गई थीं, उनकी मरम्मत आज तक नहीं कराई गई।
प्रधान ने बताया कि पूरे गांव में जगह-जगह जलभराव रहता है, जिससे बच्चे और बुजुर्ग अक्सर फिसलकर चोटिल हो जाते हैं। कई बार अधिकारियों से बात की गई, लेकिन हर बार केवल आश्वासन मिला — कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई।
ग्रामीण करेंगे जिलाधिकारी से शिकायत
गांववासियों का कहना है कि अब वे इस मामले की शिकायत जिलाधिकारी जालौन से करेंगे ताकि विभागीय लापरवाही पर अंकुश लगाया जा सके और जल्द से जल्द सड़क मरम्मत व जल आपूर्ति शुरू कराई जा सके।
स्थानीय लोगों का मानना है कि अगर शासन की योजनाओं पर निगरानी नहीं रखी गई तो “हर घर जल, हर घर नल” योजना केवल कागजों में सिमटकर रह जाएगी, जबकि जमीनी हकीकत में ग्रामीणों को न जल मिल पा रहा है और न ही सुरक्षित रास्ते।
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