समाचार पत्र पढ़ना और विचार रखना भी निपुण लक्ष्य में शामिल, बीएसए आशीष कुमार पाण्डेय ने दिए कड़े निर्देश
उत्तर प्रदेश के परिषदीय विद्यालयों में बुनियादी शिक्षा को मजबूत करने के उद्देश्य से संचालित निपुण भारत मिशन का विस्तार अब कक्षा तीन से पांच तक कर दिया गया है

राजेश कटियार,कानपुर देहात। उत्तर प्रदेश के परिषदीय विद्यालयों में बुनियादी शिक्षा को मजबूत करने के उद्देश्य से संचालित निपुण भारत मिशन का विस्तार अब कक्षा तीन से पांच तक कर दिया गया है। शासन के नए नीतिगत दिशा-निर्देशों के क्रम में जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी आशीष कुमार पाण्डेय ने जनपद के सभी खंड शिक्षा अधिकारियों और प्रधानाध्यापकों को इन संशोधित लक्ष्यों को तत्काल प्रभाव से लागू करने के निर्देश दिए हैं। नए निर्देशों के अनुसार पहली बार प्राथमिक स्तर पर बच्चों की भाषा दक्षता बढ़ाने के लिए कक्षा चार और पांच के हिंदी विषय के लक्ष्यों में समाचार पत्र, बाल साहित्य और कहानियों को पढ़ना व समझना अनिवार्य किया गया है। इसका मुख्य उद्देश्य बच्चों में न केवल पढ़ने की आदत विकसित करना है बल्कि उनके सामान्य ज्ञान और तार्किक क्षमता को भी बढ़ाना है। बेसिक शिक्षा विभाग द्वारा तैयार की गई नई गाइडलाइन के तहत विभिन्न कक्षाओं के लिए स्पष्ट लक्ष्य निर्धारित किए गए हैं। कक्षा 3 के बच्चों को 8 से 10 वाक्यों के अनुच्छेद को समझना होगा। उन्हें स्पष्टता और प्रवाह के साथ पढ़ना-लिखना आना चाहिए तथा इससे संबंधित 75 प्रतिशत सवालों के सही जवाब देने में सक्षम होना होगा। कक्षा 4 के विद्यार्थियों को समाचार पत्र, बाल साहित्य या कहानी पर आधारित अपने विचार, भावनाएं और अनुभव 6 से 8 वाक्यों में स्वतंत्र रूप से लिखने में सक्षम होना पड़ेगा। कक्षा 5 के छात्रों को समाचार पत्र या बाल साहित्य के 12 से 15 वाक्यों के कठिन अनुच्छेदों को समझना होगा। उन्हें प्रवाह के साथ पढ़ने-लिखने और उससे जुड़े 75 प्रतिशत प्रश्नों के सही उत्तर देने पर ही निपुण घोषित किया जाएगा।
हर महीने होगी ब्लॉकों की जांच, शिथिलता पर होगी कार्यवाही-
बीएसए आशीष कुमार पाण्डेय ने स्पष्ट किया है कि शासन की इस महत्वाकांक्षी योजना में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। अपर मुख्य सचिव, बेसिक व माध्यमिक शिक्षा पार्थ सारथी सेन शर्मा के आदेशों का हवाला देते हुए उन्होंने कहा कि जनपद स्तर पर सभी संबंधित को इसकी सूचना भेज दी गई है। प्रत्येक ब्लॉक में खंड शिक्षा अधिकारी की अध्यक्षता में विशेष कमेटियां गठित की जा रही हैं जो हर महीने स्कूलों की मॉनिटरिंग और बच्चों के अधिगम स्तर की जांच करेंगी। उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले शिक्षकों को सम्मानित किया जाएगा, वहीं लक्ष्य प्राप्ति में विफल रहने वाले विद्यालयों के खिलाफ नियमानुसार कार्यवाही सुनिश्चित की जाएगी।



