बिजली उपभोक्ताओं को मिली ऐतिहासिक सौगात: “बिजली बिल राहत योजना 2025” लागू
नगर विकास एवं ऊर्जा मंत्री ए.के. शर्मा ने की घोषणा, एकमुश्त भुगतान पर मूलधन में 25% तक और सरचार्ज में 100% छूट

लखनऊ/कानपुर। उत्तर प्रदेश सरकार के नगर विकास एवं ऊर्जा मंत्री ए.के. शर्मा ने प्रदेश के करोड़ों बिजली उपभोक्ताओं के हित में एक ऐतिहासिक निर्णय लेते हुए “बिजली बिल राहत योजना 2025” लागू करने की घोषणा की है। उन्होंने संगम सभागार में प्रेस वार्ता कर इस योजना की जानकारी दी, जिसे नेवरपेड और लॉन्ग अनपेड उपभोक्ताओं को सुविधा देने के लिए लाया गया है। इस दौरान अपर मुख्य सचिव नरेंद्र भूषण, चेयरमैन आशीष गोयल एवं एमडी पंकज कुमार भी मौजूद रहे।
मंत्री ए.के. शर्मा ने इस योजना को जनता के लिए “सरकार का उपहार और जनसहभागिता से जुड़ी अभूतपूर्व पहल” बताते हुए कहा कि यह योजना सरकार की पारदर्शी, संवेदनशील और जनहितैषी सोच का प्रतिबिंब है। इसका उद्देश्य उपभोक्ताओं को बिल के बोझ से मुक्त करना और बिजली वितरण व्यवस्था को आर्थिक रूप से सुदृढ़ बनाना है।
तीन चरणों में मिलेगी छूट, एकमुश्त भुगतान पर अधिकतम लाभ
विद्युत बिल राहत योजना 2025 के अंतर्गत बकाया धनराशि को एकमुश्त जमा करने पर सरचार्ज में 100 प्रतिशत और बकाए के मूलधन में 25 प्रतिशत तक छूट देने का ऐतिहासिक निर्णय लिया गया है। यह छूट तीन चरणों में दी जाएगी:
| चरण | पंजीकरण अवधि | मूलधन में छूट |
| प्रथम चरण | 1 दिसंबर 2025 से 31 दिसंबर 2025 तक | 25 प्रतिशत |
| द्वितीय चरण | 1 जनवरी 2026 से 31 जनवरी 2026 तक | 20 प्रतिशत |
| तृतीय चरण | 1 फरवरी 2026 से 28 फरवरी 2026 तक | 15 प्रतिशत |
मंत्री शर्मा ने प्रदेश के नागरिकों से अपील की है कि वे योजना के प्रथम चरण में ही भाग लें, क्योंकि जो उपभोक्ता पहले पंजीकरण कर भुगतान करेंगे, उन्हें अधिक लाभ मिलेगा।
घरेलू, वाणिज्यिक और किस्तों में भुगतान की सुविधा
यह योजना घरेलू उपभोक्ताओं (2 किलोवाट तक) और वाणिज्यिक उपभोक्ताओं (1 किलोवाट तक) दोनों के लिए लागू होगी। उन्होंने कहा कि सरकार ने गरीब और मध्यमवर्गीय उपभोक्ताओं की सुविधा को ध्यान में रखते हुए मासिक किस्तों में भुगतान की सुविधा भी दी है, जिससे एकमुश्त भुगतान में असमर्थ उपभोक्ता भी लाभ उठा सकें।
श्री शर्मा ने यह भी बताया कि योजना के दौरान विभाग ओवर बिलिंग और अंडर बिलिंग वाले उपभोक्ताओं के बिलों का भी संशोधन करेगा, जिससे उन्हें सही और पारदर्शी बिलिंग का लाभ मिले। ऐसे उपभोक्ताओं के बिलिंग सिस्टम को नॉर्मेटिव धनराशि के आधार पर संशोधित किया जाएगा।
बिजली चोरी के प्रकरणों में भी राहत
योजना में बिजली चोरी से संबंधित प्रकरणों में सम्मिलित व्यक्तियों को भी राहत प्रदान की गई है। उन्हें राजस्व निर्धारण धनराशि में छूट प्राप्त करने हेतु पंजीकरण करना होगा। पंजीकरण कराने के लिए व्यक्ति को ₹2000 अथवा राजस्व निर्धारण धनराशि का 10 प्रतिशत (जो भी अधिक हो) का भुगतान करना होगा।
ऊर्जा मंत्री ने सभी अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि योजना के प्रचार-प्रसार और क्रियान्वयन में कोई ढिलाई न बरती जाए और पूरी प्रक्रिया की सतत निगरानी की जाए। उन्होंने कहा कि “हमारा लक्ष्य है ‘बिजली सबके लिए – राहत सबको’ और यह योजना जनता को केंद्र में रखकर बनाई गई संवेदनशील शासन का प्रतीक है।”
पंजीकरण प्रक्रिया को अत्यंत सरल बनाया गया है। उपभोक्ता विभागीय वेबसाइट www.uppcl.org पर, संबंधित खंड/उपखंड कार्यालय, जन सेवा केंद्र (CSC) एवं किसी भी विभागीय कैश काउंटर से पंजीकरण कर सकते हैं।



