कानपुर: किसानों को मिलेगी राहत! जिले में खुलेंगे 54 नए उर्वरक केंद्र, 132 तक पहुंचेगी संख्या
जिलाधिकारी जितेंद्र प्रताप सिंह ने किसानों को राहत देने के लिए एक बड़ा कदम उठाया है। उन्होंने आज एक बैठक में उर्वरक की उपलब्धता और वितरण प्रणाली की समीक्षा करते हुए जिले में 54 नए उर्वरक विक्रय केंद्र खोलने की घोषणा की है।

कानपुर: जिलाधिकारी जितेंद्र प्रताप सिंह ने किसानों को राहत देने के लिए एक बड़ा कदम उठाया है। उन्होंने आज एक बैठक में उर्वरक की उपलब्धता और वितरण प्रणाली की समीक्षा करते हुए जिले में 54 नए उर्वरक विक्रय केंद्र खोलने की घोषणा की है। इन केंद्रों के चालू होने के बाद, जिले में कुल उर्वरक केंद्रों की संख्या 78 से बढ़कर 132 हो जाएगी, जिससे किसानों को समय पर खाद मिल सकेगी।
अधिकारियों की लापरवाही पर डीएम सख्त
बैठक में जिला कृषि अधिकारी अमर सिंह के बिना सूचना के अनुपस्थित रहने पर डीएम जितेंद्र प्रताप सिंह ने गहरी नाराजगी जताई। उन्होंने कहा कि काम में लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। डीएम ने सभी संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि वे लगातार क्षेत्रों का दौरा कर उर्वरक बिक्री की निगरानी करें, ताकि किसी भी तरह की कालाबाजारी या अधिक कीमत पर बिक्री न हो।
नए केंद्रों का वितरण
- कुल केंद्र: 54
- बिल्हौर तहसील: 15 केंद्र
- सदर तहसील: 31 केंद्र
- घाटमपुर तहसील: 8 केंद्र
- किसानों को प्राथमिकता: सभी केंद्रों पर स्थानीय किसानों को प्राथमिकता दी जाएगी।
जिले में खाद का पर्याप्त स्टॉक
उपनिदेशक कृषि आर.एस. वर्मा ने जानकारी दी कि जिले में विभिन्न प्रकार के उर्वरकों का पर्याप्त स्टॉक है, जिसमें यूरिया, डीएपी और एनपीके जैसे मुख्य उर्वरक शामिल हैं। उन्होंने बताया कि जैसे ही नई खेप आती है, उसे तुरंत नए केंद्रों पर भी भेज दिया जाएगा।
उपलब्ध स्टॉक (मैट्रिक टन में):
- यूरिया: 9726
- डीएपी: 7729
- एनपीके: 8239
- एमओपी: 501
- सुपर फॉस्फेट: 2039
डीएम ने अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए हैं कि वे यह सुनिश्चित करें कि किसानों को खाद लेने में किसी भी तरह की असुविधा न हो। बैठक में मुख्य विकास अधिकारी दीक्षा जैन सहित अन्य वरिष्ठ अधिकारी भी मौजूद थे।



