दृष्टिबाधित प्रतिभा कृष्णा ने जीता सबका दिल जिलाधिकारी ने बढ़ाया हौसला, दिया स्नेह का संबल
जनता दर्शन का माहौल उस समय भावुक हो उठा जब नेहरू नगर स्थित कानपुर ब्लाइंड स्कूल के कक्षा-7 के छात्र कृष्णा अपनी माता शोभा देवी और छोटे भाई ऐश्वर्य वर्मा के साथ जिलाधिकारी के समक्ष पहुंचे। जिलाधिकारी ने दोनों बच्चों को अपने पास बुलाकर समीप बैठाया और स्नेहपूर्वक स्कूल बैग एवं खाद्य सामग्री भेंट की

कानपुर नगर। जनता दर्शन का माहौल उस समय भावुक हो उठा जब नेहरू नगर स्थित कानपुर ब्लाइंड स्कूल के कक्षा-7 के छात्र कृष्णा अपनी माता शोभा देवी और छोटे भाई ऐश्वर्य वर्मा के साथ जिलाधिकारी के समक्ष पहुंचे। जिलाधिकारी ने दोनों बच्चों को अपने पास बुलाकर समीप बैठाया और स्नेहपूर्वक स्कूल बैग एवं खाद्य सामग्री भेंट की।
दृष्टिबाधित होने के बावजूद कृष्णा की तकनीक पर पकड़ और मोबाइल फोन को सहज व दक्षता से संचालित करने का उनका आत्मविश्वास देखकर जिलाधिकारी विशेष रूप से प्रभावित हुए। उनके चेहरे पर उभरी प्रसन्नता यह दर्शा रही थी कि कृष्णा असाधारण प्रतिभा के धनी हैं।
कृष्णा पढ़ाई में निरंतर प्रगति कर रहे हैं। साथ ही, मोतीझील स्थित लक्ष्मी देवी कला अकादमी में संगीत की शिक्षा लेने की उनकी लगन उन्हें अपने साथियों से अलग पहचान देती है। कला और तकनीक—दोनों में समान दक्षता रखने के कारण कृष्णा शहर के पहले दृष्टिबाधित ब्लॉगर भी हैं, जो अपनी रचनात्मकता और संवेदनशील लेखन से कई लोगों को प्रेरित कर रहे हैं।
इस अवसर पर माता शोभा देवी ने कहा कि प्रशासन से मिला यह सहयोग उनके बच्चों के लिए नई प्रेरणा और हिम्मत का स्रोत है। उन्होंने जिलाधिकारी का आभार जताते हुए बताया कि कृष्णा छोटी-सी उम्र से ही कठिनाइयों को पीछे छोड़कर दृढ़ता के साथ आगे बढ़ रहा है।
जिलाधिकारी ने कृष्णा के उत्साह, आत्मविश्वास और बहुमुखी प्रतिभा की सराहना करते हुए उज्ज्वल भविष्य की शुभकामनाएँ दीं। उन्होंने कहा कि कृष्णा जैसे बच्चे समाज के लिए प्रेरणा स्वरूप हैं। दृढ़ संकल्प और सकारात्मक सोच के साथ आगे बढ़ने वाले ऐसे बच्चे साबित करते हैं कि किसी भी चुनौती को अवसर में बदला जा सकता है।



