कानपुर देहात: बुलेट राजाओं और पियक्कड़ों पर भारी पड़ी पुलिस, तीन घंटे में कटे लाखो के चालान
यातायात, थाना पुलिस और परिवहन विभाग की संयुक्त कार्रवाई, हूटर और प्रेशर हॉर्न पर भी चला डंडा

कानपुर देहात में सुरक्षित सफर और सड़क हादसों को रोकने के लिए पुलिस ने कमर कस ली है। अपर पुलिस महानिदेशक यातायात उत्तर प्रदेश के आदेश पर पुलिस अधीक्षक श्रद्धा नरेंद्र पाण्डेय के निर्देशन में जिले के भीतर एक बड़ा चेकिंग अभियान चलाया गया। इस अभियान का मुख्य मकसद यातायात नियमों की धज्जियां उड़ाने वालों, गाड़ियों में मोडिफाई साइलेंसर, प्रेशर हॉर्न, हूटर और फाल्टी नंबर प्लेट लगाने वालों के साथ-साथ सबसे ज्यादा खतरनाक यानी शराब पीकर गाड़ी चलाने वालों को सबक सिखाना था।
रात में चला महाअभियान, ब्रीथ एनालाइजर से थमे शराबी चालकों के पहिए
नियम तोड़ने वालों को पकड़ने के लिए यातायात पुलिस, थाना पुलिस और परिवहन विभाग ने मिलकर एक संयुक्त टीम बनाई। इस टीम ने 28 जून 2026 की रात 8:00 बजे से 11:00 बजे के बीच अपने-अपने थाना क्षेत्रों में अचानक सघन चेकिंग शुरू कर दी। चेकिंग के दौरान सड़कों से गुजरने वाले हर संदिग्ध वाहन को रोककर उसके साइलेंसर, हॉर्न और नंबर प्लेट की बारीकी से जांच की गई। इसके साथ ही, शराब पीकर गाड़ी चलाने वालों को रंगे हाथों पकड़ने के लिए ब्रीथ एनालाइजर मशीन से चालकों की सघन जांच की गई, जिससे हुड़दंगियों में हड़कंप मच गया।
184 वाहनों पर गिरा कानून का डंडा, वसूला 16.50 लाख रुपये का जुर्माना
महज तीन घंटे के इस आकस्मिक अभियान के दौरान नियमों का मखौल उड़ाने वाले 184 वाहनों का चालान काटा गया। पुलिस ने इन उल्लंघनकर्ताओं से कुल 16,50,000 रुपये (सोलह लाख पचास हजार रुपये) का शमन शुल्क वसूलते हुए कानूनी कार्रवाई की। जिन गाड़ियों में मोडिफाई साइलेंसर, हूटर या गलत नंबर प्लेट पाई गई और जो चालक नशे की हालत में मिले, उनके खिलाफ मोटर वाहन अधिनियम (MV Act) की धाराओं के तहत सख्त कानूनी कदम उठाए गए। पुलिस अधीक्षक श्रद्धा नरेंद्र पाण्डेय ने साफ लहजे में चेतावनी दी है कि सड़क सुरक्षा को लेकर कोई भी ढिलाई बर्दाश्त नहीं की जाएगी और ऐसे औचक अभियान आगे भी लगातार जारी रहेंगे। इसके साथ ही पुलिस ने जनता से अपील की है कि वे अपनी और दूसरों की जान की खातिर कभी भी नशे में गाड़ी न चलाएं।
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