अकबरपुर में बीज और उर्वरक की दुकानों पर छापेमारी, लिए गए 13 नमूने
इस दौरान, कुल 13 बीज के नमूने लिए गए, जिन्हें जांच के लिए भेजा जाएगा।

कानपुर देहात – रबी की फसल (2025-26) की बुवाई के मौसम को देखते हुए, कानपुर देहात में किसानों को गुणवत्तापूर्ण बीज और उर्वरक उपलब्ध कराने के लिए कृषि विभाग सतर्क हो गया है। इसी कड़ी में, 25 सितंबर को अकबरपुर कस्बे में स्थित पांच बीज और उर्वरक बिक्री केंद्रों पर अचानक छापेमारी की गई। इस दौरान, कुल 13 बीज के नमूने लिए गए, जिन्हें जांच के लिए भेजा जाएगा।
छापेमारी में मिली अनियमितताएं
कृषि विभाग की टीम ने जिन दुकानों पर छापेमारी की, उनमें शामिल हैं:
- औरैया एग्रो एजेंसी: यहां से मटर का 1 और हाइब्रिड/सरसों के 2 नमूने लिए गए।
- रमेश बीज भंडार: यहां से मटर के 1 और राई/सरसों के 2 नमूने ग्रहित किए गए। इस दुकान पर 580 बोरी डीएपी, 105 बोरी एनपीके, 86 बोरी टीएसपी और 22 बोरी एमओपी उपलब्ध मिली।
- महेश बीज भंडार: इस दुकान से राई के 2 और मटर का 1 नमूना लिया गया।
- सुशील ट्रेडर्स: बारापुर रोड स्थित इस दुकान से हाइब्रिड राई के 2 नमूने लिए गए। यहां 631 बोरी यूरिया और 80 बोरी एनपीके भी मौजूद थी।
- कुशवाहा बीज भंडार: यहां से हाइब्रिड राई का 1 और बरसीम का 1 नमूना लिया गया।
चेतावनी और निर्देश
छापेमारी के दौरान सभी प्रतिष्ठानों पर राई/सरसों, मटर, और बरसीम के बीज पर्याप्त मात्रा में पाए गए। सभी विक्रेताओं के पास बीज और उर्वरक बेचने के वैध लाइसेंस भी मौजूद थे। हालांकि, विभाग ने सभी विक्रेताओं को सख्त निर्देश दिए हैं कि वे हर बिक्री के समय किसानों को कैश मेमो ज़रूर दें और अपने सभी बिक्री संबंधित अभिलेखों को अद्यतन रखें।
अधिकारियों ने चेतावनी दी है कि नियमों का पालन न करने पर सीड कंट्रोल ऑर्डर 1983 और फर्टिलाइजर कंट्रोल ऑर्डर 1985 के तहत कानूनी कार्रवाई की जाएगी। यह कदम किसानों को घटिया बीज और उर्वरक की कालाबाजारी से बचाने के लिए उठाया गया है।



