बुद्ध ने दिया अहिंसा और मानवता का संदेश
भोगनीपुर तहसील क्षेत्र के अंडवां गांव में चल रही पांच दिवसीय बौद्ध कथा समारोह का बुधवार को समापन हो गया।इस दौरान कथावाचक ने भगवान बुद्ध के जीवनकाल से जुड़े प्रसंगों का विस्तार से वर्णन

- अन्डवां और अनंतरामपुर में बुद्ध कथा में बोलीं जिला पंचायत सदस्य सीमा संखवार
पुखरायां।भोगनीपुर तहसील क्षेत्र के अंडवां गांव में चल रही पांच दिवसीय बौद्ध कथा समारोह का बुधवार को समापन हो गया।इस दौरान कथावाचक ने भगवान बुद्ध के जीवनकाल से जुड़े प्रसंगों का विस्तार से वर्णन किया,जिसमें सुजाता के ख़ीरदान का प्रसंग विशेष रूप से प्रस्तुत किया गया।कथावाचक ने उपासकों और उपासिकाओं को बुद्ध के संदेशों से परिचित कराया और उनके द्वारा बताए मार्ग पर चलने की आवश्यकता पर जोर दिया।कथा के समापन के अवसर पर मुख्य अतिथि के रूप में पहुंचीं जिला पंचायत सदस्य सीमा संखवार ने कहा कि भगवान बुद्ध के जीवन और उनके आदर्शों का अनुकरण ही समाज और मानव कल्याण के लिए मार्गदर्शक सिद्ध होता है।उन्होंने कहा कि भगवान बुद्ध ने सत्य,अहिंसा,करुणा और मानवता के संरक्षण के लिए जीवन समर्पित किया।उन्होंने मौजूद सभी लोगों से आग्रह किया कि वे जीवन में समता, मैत्री और करुणा के संदेशों को अपनाएं और अपने व्यवहार में इसे उतारें।तत्पश्चात जिला पंचायत सदस्य अनंतराम में चल रही बौद्ध कथा में भी शामिल हुईं और लोगों को भगवान बुद्ध के बताए मार्ग पर चलने का आवाहन किया।इस मौके पर अध्यक्ष कुंवर बहादुर,उपाध्यक्ष संतराम,कोषाध्यक्ष राम खिलावन,सचिव भगत सिंह,अजय व्यापारी,वीरेंद्र नागवंशी,इंद्रजीत,अनिल उर्फ जंटर,अखिलेश,महेश चंद्र,पिंकू,रूपचंद,जगजीवन, रेखा,प्रेमबाबू,अरविंद,रामप्रसाद, राम लखन,राजू भारती,रामराज,अवधेश,बिमला गौतम,पिंकी देवी,सुनीता संखवार,सौरभ आदि लोग मौजूद रहे।



