मिशन शक्ति 5.0: भीड़भाड़ वाले बाजारों में जब अचानक पहुंची पुलिस, महिलाओं को दिया यह खास संदेश
महिला सुरक्षा: 1090 से लेकर 112 तक, कानपुर देहात पुलिस ने याद दिलाए सभी जरूरी नंबर

कानपुर देहात: महिलाओं और बेटियों की सुरक्षा, सम्मान और स्वावलंबन को लेकर उत्तर प्रदेश सरकार की महत्वाकांक्षी मुहिम ‘मिशन शक्ति’ का पांचवां चरण (5.0) कानपुर देहात में पूरी रफ्तार पकड़ चुका है। मंगलवार (16 दिसंबर) को पुलिस अधीक्षक (SP) श्रद्धा नरेन्द्र पाण्डेय के कड़े निर्देशों के बाद जिले की पुलिस टीम एक्शन मोड में नजर आई। पुलिस ने बाजारों, सार्वजनिक स्थानों और स्कूल-कॉलेजों के बाहर व्यापक जन-जागरूकता अभियान चलाकर महिलाओं को उनके अधिकारों का पाठ पढ़ाया।
बाजारों और गांवों में पुलिस की चौपाल मिशन शक्ति 5.0 के तहत जनपदीय पुलिस ने शहरी और ग्रामीण इलाकों में महिलाओं के बीच पहुंचकर उनसे सीधा संवाद किया। अभियान का मुख्य उद्देश्य महिलाओं के मन से हिचक और डर को निकालना है। पुलिस कर्मियों ने स्पष्ट किया कि अब चुप रहने का वक्त नहीं है, बल्कि अपनी आवाज उठाने का समय है।
अंगुलियों पर याद कराए हेल्पलाइन नंबर्स जागरूकता कार्यक्रम के दौरान पुलिस ने महिलाओं को उनका सबसे बड़ा हथियार यानी ‘हेल्पलाइन नंबर्स’ याद कराए। पुलिस ने बताया कि मुसीबत के वक्त ये नंबर उनके सुरक्षा कवच हैं:
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1090: वुमन पावर लाइन (छेड़छाड़ या परेशान करने पर)
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181: महिला हेल्पलाइन
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112: पुलिस इमरजेंसी सेवा
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1098: चाइल्ड हेल्पलाइन (बच्चों की मदद के लिए)
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1076: मुख्यमंत्री हेल्पलाइन
डिजिटल वार से बचने के टिप्स: साइबर सुरक्षा पर जोर बदलते दौर में साइबर अपराध एक बड़ी चुनौती है। पुलिस टीम ने युवतियों और महिलाओं को सोशल मीडिया के इस्तेमाल में सावधानी बरतने की सलाह दी। उन्हें फिशिंग, साइबर स्टॉकिंग और फर्जी खातों से बचने के तरीके बताए गए। साथ ही, घर बैठे एफआईआर और अन्य पुलिस सेवाओं के लिए UPCOP (यूपीकॉप) ऐप डाउनलोड करने और उसके इस्तेमाल की जानकारी भी दी गई।
कानून है आपकी ढाल सिर्फ हेल्पलाइन ही नहीं, पुलिस ने महिलाओं को कानूनी रूप से भी साक्षर बनाया। उन्हें POCSO एक्ट, दहेज निषेध अधिनियम, और घरेलू हिंसा अधिनियम की बारीकियां समझाई गईं, ताकि वे जान सकें कि कानून उनके साथ कितनी मजबूती से खड़ा है।
पुलिस अधीक्षक महोदया का साफ संदेश है कि जनपद में महिलाओं के खिलाफ अपराध को किसी भी सूरत में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा और मिशन शक्ति के तहत हर बेटी को सुरक्षित माहौल दिया जाएगा।



