कोडिन युक्त कफ सिरप के अवैध कारोबार पर नकेल: कानपुर में 4 फर्मों पर होगी FIR, अधिकारी मुख्यालय अटैच
कानपुर में कोडिन युक्त कफ सिरप के अवैध स्टॉक पर FSDA की बड़ी कार्रवाई।

कानपुर नगर: कोडिन युक्त कफ सिरप (Cough Syrup) और अन्य नारकोटिक्स श्रेणी की औषधियों के नशे के रूप में दुरुपयोग को रोकने के लिए उत्तर प्रदेश सरकार सख्त हो गई है। विभागीय मंत्री और मुख्यमंत्री के निर्देश पर खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन (FSDA) विभाग द्वारा कई जनपदों में नारकोटिक्स श्रेणी की दवाओं के भंडारण और बिक्री की सघन जांच की जा रही है। इसी क्रम में, आयुक्त की अध्यक्षता में विभागीय टीम द्वारा दिनांक 11.11.2025 को कानपुर नगर में चार प्रमुख फर्मों और उनके गोदामों का निरीक्षण किया गया।
निरीक्षण में मिली गंभीर अनियमितताएँ
निरीक्षण के दौरान, मेसर्स अग्रवाल ब्रदर्स, बिरहाना रोड के गोदाम पर दवाओं के भंडारण, व्यवस्था और रखरखाव में कई अनियमितताएं पाई गईं। यहां कई ब्रांड के कोडिन युक्त कफ सिरप और अन्य नारकोटिक्स श्रेणी की औषधियों की भारी मात्रा के साथ-साथ बड़ी मात्रा में अवसानित (Expired) दवाएं भी भंडारित मिलीं।
इसके अलावा, बिक्री प्रतिष्ठान से जानबूझकर कंप्यूटर हटा दिया गया था, और मालिक विनोद अग्रवाल स्वयं मौके पर उपस्थित नहीं थे, जिससे उनकी नारकोटिक्स दवाओं के अवैध व्यवसाय में संलिप्तता स्पष्ट रूप से परिलक्षित होती है।
मेसर्स मेडिसिना हेल्थकेयर, मेसर्स वेदांत फार्मास्यूटिकल्स और मेसर्स मोसाईको एजेंसीज पर भी कोडिन युक्त कफ सिरप की बिक्री में अनियमितताएं पाई गईं। मेसर्स मोसाईको एजेंसीज ने पूर्व में बड़ी मात्रा में कफ सिरप खरीदा था।
4 फर्मों पर FIR के निर्देश
इन चारों फर्मों (मेसर्स अग्रवाल ब्रदर्स, मेसर्स मेडिसिना हेल्थकेयर, मेसर्स वेदांत फार्मास्यूटिकल्स और मेसर्स मोसाईको एजेंसीज) की नारकोटिक्स श्रेणी की औषधियों के अवैध व्यवसाय में संलिप्तता पाए जाने के मद्देनजर, इनके विरुद्ध NDPS एक्ट और भारतीय न्याय संहिता की सुसंगत धाराओं में प्राथमिकी (FIR) दर्ज कराने के निर्देश दिए गए हैं।
इसके अतिरिक्त, मेसर्स बालाजी मेडिकल्स, मेसर्स माँ दुर्गा मेडिकेयर, मेसर्स ए.एस. हेल्थकेयर, और मेसर्स आर.एस. हेल्थकेयर पर पूर्व में पंजीकृत प्राथमिकी में भी अनियमितताओं को देखते हुए NDPS एक्ट की सुसंगत धाराएं जोड़ने के निर्देश दिए गए हैं।
अधिकारियों पर गिरी गाज
विभाग ने कानपुर में तैनात अधिकारियों की अब तक की कार्रवाई को पर्याप्त, समयबद्ध और शासन की मंशा के अनुरूप नहीं पाया है। इसलिए, कानपुर मंडल में तैनात सहायक आयुक्त (औषधि) दिनेश कुमार तिवारी और कानपुर नगर में तैनात औषधि निरीक्षक रेखा सचान को मुख्यालय से संबद्ध (Attached) कर दिया गया है। उन्हें दिनांक 17.11.2025 तक कानपुर नगर में समस्त वैधानिक कार्रवाई पूरी कर मुख्यालय में योगदान आख्या प्रस्तुत करने के निर्देश दिए गए हैं।



