कानपुर नगर: पुलिस की अभद्रता से आहत होकर आटो रिक्शा चालक ने जान दी
सजेती कसबे का मामला, तीन दिन पहले लाया था आटो रिक्शा

अवध दीक्षित,घाटमपुर (कानपुर)। आज रविवार की भोर पहर कस्बा सजेती में एक अधेड़ ने फांसी लगाकर जान दे दी। मृतक के बेटे का आरोप है कि पिता ने पुलिस की अभद्रता से आहत होकर जान दी है। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमॉर्टम के लिए भेजा।
थाना व कसबा सजेती निवासी कमलेश कुमार खंगार (55 वर्ष) पहले ट्रक चालक था। कुछ दिन पहले एक दुर्घटना में उसका हाथ टूट गया था। जिसके चलते उसने ट्रक चलाना बंद कर दिया था। उसके बेटे निखिल ने बताया कि तीन दिन पहले (एक अप्रैल) को उसके पिता ने नया आटो रिक्शा खरीदा था। जिसे शनिवार लेकर घाटमपुर गए थे। बताया कि घाटमपुर चौराहे पर तैनात ट्रैफिक पुलिस के सिपाही ने उनके साथ मारपीट और अभद्रता की। जिससे वह काफी आहत थे।
मृतक के बेटे ने बताया कि रात में पिता जी ने खाना भी नहीं खाया और दरवाजे के बाहर पड़ी चारपाई पर लेट गए। रविवार की भोर पहर उन्होंने नेशनल हाईवे-34 (कानपुर सागर राजमार्ग) के किनारे खड़े शीशम के पेड़ में फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। जानकारी होने पर परिजनों ने कमलेश को फांसी से उतारा और डाक्टर के पास ले गए। जहां डाक्टर ने परीक्षण के बाद मृत घोषित कर दिया।
घर वालों की सूचना पर पहुंची पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर विधिक कार्यवाही शुरू की।
सजेती थानाध्यक्ष अनुज कुमार भारती ने बताया कि अधेड़ ने कुर्सी के सहारे सड़क किनारे खड़े शीशम के पेड़ की डाल पर फंदा डालकर फांसी लगाई है। मृतक कमलेश खंगार के बेटे निखिल ने बताया कि उसके पिता चार भाइयों में तीसरे नंबर पर थे। बताया कि वह अपने पिता का इकलौता बेटा है और महिंद्रा कोडक बैंक में नौकरी करता है।
वहीं, घाटमपुर एसीपी केके यादव ने बताया कि आटो रिक्शा चालक के साथ किसी सिपाही द्वारा अभद्रता किए जाने की बात उनके संज्ञान में नहीं आई है। बताया कि फिर भी वह मामले की जांच कराएंगे।



