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कानपुर देहात: बगैर मान्यता के संचालित स्कूलों पर बीएसए ने ठोका 50-50 हजार रुपए का जुर्माना

15 दिन में जुर्माना जमा न कराने पर होगी भू-राजस्व की तरह कार्यवाही

राजेश कटियार, कानपुर देहात। जिलेभर के खंड शिक्षा अधिकारियों ने अपने-अपने विकासखंडों में गैर मान्यता प्राप्त स्कूलों के निरीक्षण का अभियान तेज कर दिया है। शासन की गाइडलाइन और मान्यता को दरकिनार कर संचालित होने वाले विद्यालयों पर बीएसए आशीष कुमार पाण्डेय धड़ाधड़ कार्यवाही कर रहे हैं। उन्होंने हालही में बिना मान्यता के चल रहे दो स्कूलों पर 50-50 हजार रुपये का जुर्माना लगाया है। साथ ही चेतावनी भी दी है कि अगर वे स्कूल बंद नहीं करते हैं तो उनसे प्रतिदिन के हिसाब 10 हजार रुपये का अर्थदंड वसूला जाएगा।

जनपद में शिक्षा विभाग के नियमों को ताक पर रखकर कई स्कूल संचालित हो रहे हैं। बेसिक शिक्षा विभाग ने इनके खिलाफ ताबड़तोड़ कार्यवाही शुरू कर दी है। विभाग की ओर से बार-बार नोटिस जारी किए जाने के बाद भी बिना मान्यता के धड़ल्ले से स्कूलों का संचालन जारी रखने पर दो विद्यालयों के संचालकों पर अर्थदंड लगाया गया है। बीएसए आशीष कुमार पाण्डेय ने खंड शिक्षा अधिकारियों की जांच आख्या और रिपोर्ट के आधार पर यह कार्यवाही की है।

विकासखंड अमरौधा में चौरा स्टेशन सड़क स्थित श्याम सुंदर जूनियर हाईस्कूल और विकासखंड मैंथा के एस.पी. किड्स माण्डा को पहले ही अमान्य घोषित करते हुए संचालन तुरंत बंद करने के लिए कई बार नोटिस दिए गए थे। इसके बावजूद स्कूल संचालकों द्वारा दोनों ही स्कूलों का संचालन लगातार जारी रखा गया। बार-बार दी गई चेतावनियों और नोटिसों की अनदेखी करने पर दोनों विद्यालयों पर बीएसए द्वारा पचास-पचास हजार रूपए का जुर्माना लगाया गया है। नि:शुल्क एवं अनिवार्य बाल शिक्षा अधिकार अधिनियम के प्रावधानों के अनुसार कोई भी व्यक्ति बिना मान्यता प्रमाणपत्र प्राप्त किए न तो कोई विद्यालय स्थापित कर सकता है और न ही कक्षाएं संचालित कर सकता है।

मान्यता वापस लिए जाने के बाद भी यदि कोई स्कूल चलाता है तो उस पर अधिकतम एक लाख तक के जुर्माने का प्रावधान है। बीएसए ने कहा कि यदि इस आदेश के बाद भी स्कूलों का संचालन बंद नहीं किया गया तो उल्लंघन जारी रहने की दशा में प्रतिदिन के हिसाब 10 हजार रुपये का अतिरिक्त जुर्माना वसूला जाएगा। जुर्माना जमा न करने की स्थिति में धनराशि की वसूली भू राजस्व की भांति की जाएगी और संचालकों पर एफआईआर भी दर्ज कराई जाएगी।

 


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