बाबा बालदत्त सत्यनाम आश्रम उमापुर धाम के महंत बने अवधेश
कोटवा धाम अपनी आध्यात्मिक जागृति, सामाजिक समानता के संदेश और बाबा जगजीवन दास द्वारा किए गए चमत्कारों के लिए प्रसिद्ध है, जहाँ श्रद्धालु मन्नत लेकर दर्शन करने आते हैं। मान्यता है कि सच्चे मन से बाबा जगजीवन दास के दरबार में अर्जी लगाने से हर मुराद पूरी होती है

सुशील त्रिवेदी, बाराबंकी। कोटवा धाम अपनी आध्यात्मिक जागृति, सामाजिक समानता के संदेश और बाबा जगजीवन दास द्वारा किए गए चमत्कारों के लिए प्रसिद्ध है, जहाँ श्रद्धालु मन्नत लेकर दर्शन करने आते हैं। मान्यता है कि सच्चे मन से बाबा जगजीवन दास के दरबार में अर्जी लगाने से हर मुराद पूरी होती है। इस सम्प्रदाय के पूरे भारत सहित कई देशों में आश्रम एवं भक्तगण है। मंदिर परिसर में एक पवित्र तालाब है, जिसमें स्नान करने का विशेष महत्व है। अक्टूबर और अप्रैल (बैसाखी पूर्णिमा) के दौरान यहां भव्य मेले लगते हैं और लाखों श्रद्धालु आते हैं। इसी सम्प्रदाय से बाबा बालदत्त सत्यनाम आश्रम, उमापुर धाम के महंत बाबा भारत लाल दास के उत्तराधिकारी शिष्य अवधेश मिश्र को कोटवा धाम बड़ी गद्दी के महंत अनूप दास की माताजी ने टोपी, सेल्हा, हाथों में काला-सफेद सत्यनामी धागा, पैरों में आंदू बांधकर महंतई प्रदान किया। इस अवसर पर विजय कुमार मिश्र, अयोध्या से आए रिटायर्ड सूबेदार राजेन्द्र सिंह, समरजीत तिवारी, वरिष्ठ अधिवक्ता राजभूषण सिंह, अमर उजाला के पत्रकार अम्ब्रेश कुमार मिश्र, ओम प्रकाश तिवारी, अंशुमान दास सहित सैंकड़ों लोग उपस्थित रहे।



