रूरा में विवाद सुलझाने गई पुलिस टीम पर हमला,दो जवान घायल
मुख्य आरोपी हिरासत में

पुखरायां।कानपुर देहात के रूरा थाना क्षेत्र के अमरसिंह का पुरवा गांव में गुरुवार रात विवाद सुलझाने पहुंची पीआरवी टीम पर हमला कर दिया गया।घटना में एक कांस्टेबल और एक होमगार्ड घायल हो गए।मामले में पुलिस ने मुख्य आरोपी को हिरासत में लेकर दो अलग अलग एफआईआर दर्ज की हैं।वहीं ग्राम प्रधान के पति को पूँछतांछ के लिए थाने लाया गया है।गुरुवार रात करीब 10 बजे मारपीट की सूचना मिलने पर पीआरवी टीम अमरसिंह का पुरवा पहुंची।पुलिस के मुताबिक मौके पर रामदीन शराब के नशे में हंगामा कर रहा था।पीआरवी में तैनात कांस्टेबल प्रेमराज शाक्य और होमगार्ड देवेंद्र दुबे ने उसे शांत कराने का प्रयास किया।आरोप है कि इसी दौरान रामदीन और उसकी पत्नी ने पुलिस टीम पर हमला कर दिया।हमले में दोनों जवान घायल हो गए।उन्हें पहले रूरा सीएचसी लाया गया।जहां से मेडिकल कॉलेज रेफर कर दिया गया।कांस्टेबल प्रेमराज की हालत गंभीर देख उन्हें बेहतर इलाज के लिए कानपुर के एक निजी अस्पताल भेजा गया जबकि होमगार्ड देवेंद्र सिंह का उपचार जिला अस्पताल में जारी है।पुलिस ने मुख्य आरोपी रामदीन को हिरासत में ले लिया है।इस मामले में दो अलग अलग एफआईआर दर्ज की गईं हैं।पहली एफआईआर गांव की एक नाबालिक लड़की की तहरीर पर दर्ज हुई है।शिकायत में आरोप लगाया गया है कि रामदीन ने उसके घर में घुसकर छेड़छाड़ की और विरोध करने पर उसकी मां के साथ मारपीट की।दूसरी एफआईआर पुलिसकर्मियों से मारपीट और सरकारी कार्य में बाधा डालने के आरोप में दर्ज की गई है।इसमें रामदीन,उसकी पत्नी और दो तीन अज्ञात लोगों को नामजद किया गया है।घटना के बाद ग्राम प्रधान सरबती ने आरोप लगाया कि पुलिस रात में उनके पति को थाने ले गई।उन्होंने कहा कि उनके घर में लगे सीसीटीवी कैमरों का डीवीआर भी पुलिस अपने साथ ले गई।परंतु पुलिस ने यह नहीं बताया कि उनके पति को किस मामले में हिरासत में लिया गया है।स्थानीय लोगों के मुताबिक पिछले आठ दिनों में इस गांव में यह तीसरी बड़ी विवाद की घटना है।इससे पहले फल विक्रेता को लेकर हुए विवाद में महिला से मारपीट का मामला सामने आया था।जिसमें शुरुआत में पुलिस ने एनसीआर दर्ज की थी लेकिन बाद में हिंदू संगठनों के विरोध के बाद एफआईआर दर्ज कर आरोपियों को जेल भेजा था।इसके बाद उसी विवाद को लेकर रूरा चौराहे पर जाम और प्रदर्शन हुआ था।सूचना मिलने पर एएसपी,सीओ,एसडीएम, तहसीलदार समेत कई आलाधिकारी मौके पर पहुंचे थे।प्रदेश सरकार की मंत्री प्रतिभा शुक्ला ने भी मौके पर पहुंचकर लोगों को शांत कराया और वेंडिंग जोन बनाने के निर्देश दिए थे।ग्रामीणों का कहना है कि समय रहते विवाद का स्थिति समाधान न होने के कारण लगातार तनाव की स्थित बनी हुई है।इस संबंध में पुलिस क्षेत्राधिकारी संजय सिंह ने बताया कि भूरा सिंह की सूचना पर पीआरवी टीम गांव पहुंची थी।वहां रामदीन शराब के नशे में उपद्रव कर रहा था।पुलिसकर्मियों द्वारा समझाने का प्रयास किए जाने पर उसने व उसकी पत्नी ने पुलिस टीम पर हमला कर दिया।जिसमें दोनों जवान घायल हो गए।उनकी तहरीर पर मुकदमा दर्ज किया जा रहा है।मुख्य आरोपी रामदीन को हिरासत में लेकर पूँछतांछ की जा रही है।अग्रिम विधिक कार्यवाही की जाएगी।



