यूपीटीईटी परीक्षा देने से पहले पढ़ लें ये जरूरी नियम, जरा सी चूक पर रद्द हो जाएगा रिजल्ट, एडमिट कार्ड डाउनलोड शुरू
उत्तर प्रदेश शिक्षा सेवा चयन आयोग ने पेपर लीक रोकने के लिए बनाया अभेद्य प्लान, परीक्षा से 5 घंटे पहले खुलेगा खुफिया कोड, इस बार लागू हुए ये कड़े प्रतिबंध।

- यूपीटीईटी परीक्षा के एडमिट कार्ड जारी, आधिकारिक वेबसाइट से कर सकते हैं डाउनलोड।
- उत्तर प्रदेश शिक्षा सेवा चयन आयोग द्वारा 2 से 4 जुलाई तक परीक्षा का आयोजन।
- पेपर लीक रोकने के लिए प्रश्नपत्रों के ट्रंक पर लगाए गए वन टाइम लॉक।
- परीक्षा शुरू होने के 5 घंटे पहले तय होगा कि कौन सा प्रश्नपत्र सेट आएगा।
- ओएमआर शीट पर गलत जानकारी भरने या व्हाइटनर लगाने पर नहीं जंचेगी कॉपी।
- सामान्य वर्ग के लिए 60% और आरक्षित वर्ग के लिए 55% न्यूनतम अंक अनिवार्य।
राजेश कटियार,कानपुर देहात। यूपी टीईटी के एडमिट कार्ड जारी कर दिए गए हैं। अभ्यर्थी आवेदन संख्या या मोबाइल नंबर, अपना नाम या पिता का नाम और जन्मतिथि डालकर इन्हें डाउनलोड कर सकते हैं। उत्तर प्रदेश शिक्षक पात्रता परीक्षा (यूपीटीईटी) 2 से 4 जुलाई तक उत्तर प्रदेश शिक्षा सेवा चयन आयोग की ओर से आयोजित की जा रही है। आयोग ने 22 जून को ही परीक्षा शहर की सूचना जारी कर दी थी। अब एडमिट कार्ड भी जारी कर दिए हैं। परीक्षा के लिए पंजीकृत 1994661 अभ्यर्थियों के लिए 60 जिलों में कुल 955 केंद्र बनाए गए हैं।
दो जुलाई को 9:30 से 12 बजे तथा 2:30 से पांच बजे की दोनों पालियों में उच्च प्राथमिक स्तर की परीक्षा होगी। तीन जुलाई को 9:30 से 12 बजे की पहली पाली में उच्च प्राथमिक जबकि 2:30 से पांच बजे की दूसरी पाली में प्राथमिक स्तर की परीक्षा कराई जाएगी। चयन आयोग ने अभ्यर्थियों को सलाह दी है कि वे अपने साथ काली स्याही का बॉल प्वाइंट पेन लेकर आएं। काले बॉल प्वाइंट पेन के अतिरिक्त किसी अन्य प्रकार की स्याही का प्रयोग बिल्कुल न करें।
अभ्यार्थियों को किसी तरह का मोबाइल फोन, टैबलेट, पेन डाईव, हार्ड डिस्क, डेटा कार्ड, कैलकुलेटर, ब्लूटूथ डिवाईस, ईयरफोन, किसी भी तरह की हाथ की घड़ी, एटीएम कार्ड, कोई विद्युत सामग्री जो धातु से बनी हो, कान में लगी किसी भी तरह की मशीन, कागज पर बनी सारणियां ग्राफ शीट, मानचित्र, स्लाइड रूल्स को लेकर परीक्षा केन्द्र के भीतर जाने की अनुमति नहीं है। व्हाइटनर, ब्लेड या रबर आदि का उपयोग प्रतिबंधित है।
उत्तर पत्रक में भरी गई सूचनाओं को व्हाइटनर, ब्लेड या रबर आदि से मिटाना प्रतिबंधित है। यदि उत्तर पत्रक में गोलों को सही से काला नहीं किया जाता है या कोई भी सूचना त्रुटिपूर्ण भरी जाती है तो उत्तर-पत्रक का मूल्यांकन नहीं किया जाएगा और इसके लिए अभ्यर्थी स्वयं जिम्मेदार होगा। परीक्षा समाप्त होने के बाद, उत्तर पत्रक की प्रतियों को अभ्यर्थी स्वयं अलग नहीं करेंगे। अभ्यर्थी को सभी पत्रक जुड़ी हुई स्थिति में अंतरीक्षक को सौंपनी होंगी।
परीक्षा समाप्त होने के बाद, अभ्यर्थियों को अपने साथ अपनी उत्तर पत्रक की प्रति और प्रश्न पुस्तिका ले जाने की अनुमति होगी। परीक्षा के दौरान किसी भी अभ्यर्थी को अन्तिम आधे घंटे में परीक्षा कक्ष से बाहर जाने की अनुमति नहीं दी जाएगी।
कौन सा सेट आएगा, पांच घंटे पहले होगा तय
चयन आयोग ने प्राथमिक और उच्च स्तर की यूपी-टीईटी के लिए प्रश्नपत्र के कई सेट तैयार कराए हैं। परीक्षा में किन प्रश्नपत्रों के सेट का प्रयोग किया जाएगा इसकी सूचना परीक्षा के दिन पेपर शुरू होने के पांच घंटे पहले ही दी जाएगी।
एक मिनट में होगी एक अभ्यर्थी की जांच
अभ्यर्थियों के बायोमीट्रिक डेटा (आइरिस स्कैन व फोटोग्राफ) कैप्चरिंग के लिए केंद्रों के मुख्य द्वार पर टीमें तैनात की जाएंगी। तकनीकी टीमों को निर्देशित किया गया है कि किसी भी अभ्यर्थी के बायोमीट्रिक डाटा कैप्चरिंग में सामान्यतः एक मिनट से अधिक का समय न लगे ताकि परीक्षा में कोई अड़चन न पैदा हो।
प्रश्नपत्रों के सभी ट्रंक पर वन टाइम लॉक
प्रश्नपुस्तिकाओं एवं ओएमआर उत्तर-पुस्तिका के ट्रंक पर वन टाइम लॉक लगे हैं। प्रत्येक पाली की परीक्षा शुरू होने के 45 मिनट पहले वायर कटर (आरी) से ट्रंक खोले जाएंगे। प्रश्न पुस्तिका भी एक वन टाइम सीलर पारदर्शी पैकेट में रखकर सील की गई है।
दो घंटे पहले होगी कक्ष निरीक्षकों की तैनाती
कक्ष निरीक्षकों के परीक्षा कक्ष का आवंटन अभ्यर्थियों के परीक्षा केंद्र पर प्रवेश से 30 मिनट पूर्व (परीक्षा शुरू होने से दो घंटे पहले) स्टैटिक मजिस्ट्रेट की उपस्थिति में रैंडम आधार पर किया जाएगा। केंद्र अधीक्षक रैंडमाइजेशन के बाद कक्ष निरीक्षकों की कक्षावार ड्यूटी लगाएंगे।
पेपर का क्रमांक न भरने पर नहीं जंचेगी कॉपी
ओएमआर उत्तरपत्रक में प्रश्न पुस्तिका क्रमांक की प्रविष्टि को न भरने या गलत भरने पर ओएमआर उत्तरपत्रक का मूल्यांकन नहीं किया जाएगा जिसके लिए अभ्यर्थी स्वयं जिम्मेदार होगा। प्रत्येक प्रश्न में दिए गए विकल्पों में से सही उत्तर का चुनाव कर गोले को पूरी तरह से भरें। एक से अधिक गोले भरने पर उत्तर गलत माना जाएगा। अभ्यर्थियों को सलाह दी गई है कि उत्तरपत्रक को न तो मोड़ना चाहिए न ही उस पर किसी भी तरह का चिह्न बनाना चाहिए। प्रश्नपुस्तिका से किसी भी पृष्ठ को हटाना अथवा फाड़ना नहीं चाहिए अन्यथा उसके खिलाफ कार्यवाही की जाएगी
परीक्षा का पैटर्न
परीक्षा के पैटर्न की बात करें तो यूपीटीईटी का पेपर ऑफलाइन यानी ओएमआर शीट पर लिया जाएगा। इस परीक्षा में कोई निगेटिव मार्किंग नहीं होती है, जो कि उम्मीदवारों के लिए एक बहुत बड़ा प्लस पॉइंट है। पेपर में बाल विकास, भाषा (हिंदी और अंग्रेजी/उर्दू/संस्कृत), गणित और पर्यावरण अध्ययन से जुड़े 150 सवाल पूछे जाएंगे। हर सवाल एक नंबर का होगा और इसे हल करने के लिए आपको पूरे ढाई घंटे (150 मिनट) का समय मिलेगा। सामान्य वर्ग के लिए इस परीक्षा को पास करने के लिए न्यूनतम 60% (90 अंक) और आरक्षित वर्ग के लिए 55% (82 अंक) लाना जरूरी है। सफल उम्मीदवारों को मिलने वाला UPTET सर्टिफिकेट अब लाइफटाइम (आजीवन) के लिए मान्य होगा।



